जन शिकायतों और IGRS मामलों के निस्तारण में लापरवाही पर पुलिस कमिश्नर तरुण गाबा ने 12 दरोगाओं को लाइन हाजिर किया। सभी के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के आदेश।
लखनऊ। राजधानी लखनऊ में जन शिकायतों और आईजीआरएस (IGRS) मामलों के निस्तारण में लापरवाही बरतने वाले 12 दरोगाओं पर पुलिस कमिश्नर तरुण गाबा ने बड़ी कार्रवाई की है। शनिवार को उन्होंने सभी 12 दरोगाओं को लाइन हाजिर कर दिया। इसके साथ ही उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई के भी आदेश दिए गए हैं।
जानकारी के मुताबिक, संबंधित दरोगा जन शिकायतों और आईजीआरएस पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण में रुचि नहीं ले रहे थे। शिकायतों के निस्तारण में लापरवाही और सरकारी कार्यों के प्रति उदासीनता सामने आने के बाद यह कार्रवाई की गई।
पुलिस कमिश्नर तरुण गाबा ने पहले ही सभी थाना प्रभारियों और चौकी प्रभारियों को निर्देश दिए थे कि जन शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण और समयबद्ध तरीके से निस्तारण किया जाए। उन्होंने स्पष्ट किया था कि शिकायतकर्ताओं को थाने और चौकी स्तर पर ही राहत मिलनी चाहिए। जनसुनवाई को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए शिकायतों पर संवेदनशीलता और तत्परता से कार्रवाई की जाए।
इसके बावजूद शिकायतों के निस्तारण में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ। इसके बाद पुलिस कमिश्नर ने लापरवाही बरतने वाले 12 दरोगाओं को लाइन हाजिर करने का आदेश जारी किया।
ये 12 दरोगा किए गए लाइन हाजिर
- राखी – चौकी प्रभारी विवेकखंड (महिला दरोगा)
- मनोज कुमार सिंह – चौकी प्रभारी जलसेतु, चिनहट
- दिवाकर सरोज – चौकी प्रभारी शिवानी विहार, गुडंबा
- वीर विक्रम सिंह – चौकी प्रभारी आलमबाग बस स्टैंड
- दीपक पांडेय – चौकी प्रभारी नौबस्ता, मड़ियांव
- अशोक यादव – चौकी प्रभारी इंदौरा बाग, बीकेटी
- दीपक कुमार – थाना सुशांत गोल्फ सिटी
- अतुल सिंह – थाना मोहनलालगंज
- भगवान सिंह – थाना दुबग्गा
- रजत सिंह – थाना वजीरगंज
- भारत सिंह – थाना पारा
- अनिल भगत – थाना गौतमपल्ली
पुलिस कमिश्नर की इस कार्रवाई को जन शिकायतों के निस्तारण में जवाबदेही तय करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
