• Home  
  • प्रयागराज: राजेश यादव के तार पुणे के नकली नोट गिरोह से जुड़े होने का शक, करोड़ों की बरामदगी से मचा हड़कंप
- उत्तरप्रदेश - प्रयागराज

प्रयागराज: राजेश यादव के तार पुणे के नकली नोट गिरोह से जुड़े होने का शक, करोड़ों की बरामदगी से मचा हड़कंप

“Prayagraj Fake Currency Case: प्रयागराज में राजेश यादव के घर से तीन नीले ड्रम में मिले करोड़ों रुपये की जांच तेज हो गई है। जांच एजेंसियों को पुणे में नकली नोटों की तस्करी करने वाले गिरोह से उसके कथित संबंधों का संदेह है।“ प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में राजेश यादव उर्फ बबलू के घर […]

Prayagraj Crores Cash Recovery Case, Rajesh Yadav Fake Currency Investigation, Cash Found in Blue Drums, Pune Fake Currency Gang Probe, Prayagraj Income Tax Investigation,प्रयागराज में करोड़ों रुपये बरामदगी मामला, राजेश यादव के घर से मिले नोट, तीन नीले ड्रम में छिपाई गई नकदी, नकली नोट तस्करी गिरोह की जांच, आयकर विभाग की जांच प्रयागराज,

“Prayagraj Fake Currency Case: प्रयागराज में राजेश यादव के घर से तीन नीले ड्रम में मिले करोड़ों रुपये की जांच तेज हो गई है। जांच एजेंसियों को पुणे में नकली नोटों की तस्करी करने वाले गिरोह से उसके कथित संबंधों का संदेह है।“

प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में राजेश यादव उर्फ बबलू के घर से जमीन में गड़े तीन नीले ड्रम में करोड़ों रुपये मिलने के मामले में जांच का दायरा लगातार बढ़ता जा रहा है। पुलिस के साथ आयकर विभाग और अन्य जांच एजेंसियां भी रकम के स्रोत का पता लगाने में जुटी हैं। अब इस मामले में पुणे कनेक्शन सामने आने के बाद जांच एजेंसियों को नकली नोटों की तस्करी करने वाले गिरोह से राजेश के कथित संबंधों का संदेह है। हालांकि, इस संबंध की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

जांच एजेंसियां यह पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि राजेश के पास इतनी बड़ी रकम कहां से आई, उसने इसे प्रयागराज तक कैसे पहुंचाया और पुणे में रहने के दौरान किन लोगों के संपर्क में था। अधिकारियों को उम्मीद है कि पुणे में उसके कामकाज और संपर्कों की पड़ताल से इस मामले की कई अहम कड़ियां सामने आ सकती हैं।

12 साल तक पुणे में रहा राजेश, 2021 में लौटा करोड़पति बनकर

जांच में सामने आई जानकारी के अनुसार, बरईपुर रामनगर निवासी राजेश यादव उर्फ बबलू करीब 12 वर्षों तक पुणे की एक कंपनी में काम करता रहा। उसके दो भाई भी पुणे में काम करने गए थे, लेकिन लगभग दो साल बाद ही वे वापस लौट आए। राजेश ने कुछ करीबी रिश्तेदारों को भी वहां काम पर लगवाया था, मगर बाद में उन्हें भी घर लौटने के लिए कह दिया।

परिवार के अन्य लोग धीरे-धीरे वापस आ गए, लेकिन राजेश पुणे में ही बना रहा। बताया गया है कि वर्ष 2021 में कंपनी के एक विभाग में छापेमारी के बाद वह पुणे से प्रयागराज लौटा। इसके बाद उसके पास बड़ी रकम होने की बात सामने आई। अब जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि पुणे में नौकरी के दौरान उसकी आमदनी के वास्तविक स्रोत क्या थे और इतनी बड़ी संपत्ति कैसे जुटाई गई।

नकली नोटों की तस्करी करने वाले गिरोह से संपर्क का संदेह

इस मामले में सबसे अहम पहलू राजेश के कथित नकली नोट नेटवर्क से संबंधों का है। सूत्रों के मुताबिक, जांच एजेंसियों को जानकारी मिली है कि पुणे में रहने के दौरान राजेश का संपर्क नकली नोटों की तस्करी करने वाले गिरोह से हो सकता है। यह भी संदेह जताया जा रहा है कि जिस कंपनी में वह काम करता था, उससे जुड़े कुछ लोगों की भूमिका की भी जांच जरूरी है।

हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हुआ है कि राजेश वास्तव में किसी नकली नोट गिरोह का हिस्सा था या नहीं। जांच एजेंसियां पुणे में उसके पुराने कार्यस्थल, वहां के संपर्कों और आर्थिक गतिविधियों की जानकारी जुटाने में लगी हैं। इस कड़ी की पुष्टि होने के बाद ही मामले की वास्तविक तस्वीर साफ हो सकेगी।

बार-बार बयान बदल रहा राजेश, परिवार के सदस्य भी नहीं दे रहे स्पष्ट जवाब

पूछताछ के दौरान राजेश यादव के बयान लगातार बदलने की बात सामने आई है। कभी वह बरामद रकम को अपनी बताता है तो कभी इससे इनकार करता है। उसके भाई राकेश यादव उर्फ महाकाल का कहना है कि रुपये राजेश ही लेकर आया था और पूरी जानकारी उसी को है।

परिवार के अन्य सदस्य भी पूछताछ में रकम के बारे में स्पष्ट जानकारी देने से बच रहे हैं। जांच टीम अलग-अलग समय पर दिए गए बयानों को दर्ज कर उनका मिलान कर रही है। अधिकारियों का प्रयास है कि बयानों में सामने आ रहे विरोधाभासों के आधार पर रकम के स्रोत और उसे छिपाने की वजह का पता लगाया जाए।

तीन नीले ड्रम में मिले नोट पुलिस लाइंस के डबल लॉकर में सुरक्षित

राजेश यादव के घर में खोदाई के दौरान जमीन के नीचे दबाए गए तीन नीले ड्रम मिले थे। इनमें बड़ी मात्रा में नकदी रखी गई थी। बरामद रकम को पहले नवाबगंज थाने के मालखाने में रखा गया था। बाद में मामला आयकर विभाग की जांच के दायरे में आने के बाद पुलिस अधिकारियों ने नोटों को पुलिस लाइंस स्थित डबल लॉकर में सुरक्षित रखवा दिया।

राजेश के घर में चल रही खोदाई और अन्य जांच पूरी होने के बाद आयकर विभाग की टीम बरामद रकम की गिनती करेगी। इसके साथ ही नकदी की प्रामाणिकता और उसके स्रोत की जांच भी महत्वपूर्ण होगी।

परिवार के मोबाइल फोन का डाटा खंगाल रहीं जांच टीमें

जांच एजेंसियों ने राजेश यादव और उसके परिवार के सदस्यों के मोबाइल फोन अपने कब्जे में लेकर उनका डाटा निकालना शुरू कर दिया है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि राजेश किन लोगों से सबसे ज्यादा बातचीत करता था और उसके संपर्क में रहने वाले लोग कहां के निवासी हैं।

मोबाइल डाटा के आधार पर रिश्तेदारों, करीबी परिचितों और अन्य संभावित संपर्कों की सूची तैयार की जा रही है। इनमें कुछ महंगे मोबाइल फोन भी शामिल बताए गए हैं। जांच टीम डिजिटल साक्ष्यों और कॉल डिटेल के आधार पर यह समझने का प्रयास कर रही है कि पुणे में रहते हुए राजेश का नेटवर्क कितना बड़ा था और प्रयागराज में रकम छिपाने के मामले में किन लोगों की भूमिका हो सकती है।

पुणे की जांच से खुल सकता है करोड़ों की रकम का राज

फिलहाल इस पूरे प्रकरण में सबसे बड़ा सवाल करोड़ों रुपये के स्रोत को लेकर है। राजेश के पुणे प्रवास, कंपनी में काम करने, कथित गिरोह से संपर्क, परिवार के सदस्यों के बयान और मोबाइल डाटा को जोड़कर जांच आगे बढ़ाई जा रही है।

जांच एजेंसियों के सामने यह स्पष्ट करना चुनौती है कि बरामद नकदी वैध कमाई से जुटाई गई थी या इसके पीछे कोई आपराधिक नेटवर्क सक्रिय था। पुणे से मिलने वाली जानकारी इस मामले की जांच में निर्णायक साबित हो सकती है। हालांकि, नकली नोटों की तस्करी में राजेश की संलिप्तता अभी संदेह के स्तर पर है और इसकी पुष्टि जांच के बाद ही होगी।

देश-दुनिया की हर बड़ी खबर, सबसे पहले और सबसे सटीक…

राजनीति, चुनाव, मनोरंजन, खेल और देश-प्रदेश की हर महत्वपूर्ण हलचल से अपडेट रहने के लिए जुड़े रहिए यूपी 24 नेटवर्क न्यूज़के साथ। सत्ता के गलियारों से लेकर आम जनता के मुद्दों तक, चुनावी बयानबाज़ी से लेकर खास पड़ताल और एक्सक्लूसिव रिपोर्ट्स तक—हम पहुंचाते हैं आपके लिए खबरों का सटीक विश्लेषण और हर खबर की पूरी जानकारी।

खबर वही, जो आप तक पहुंचे सबसे पहले और भरोसे के साथ।

यूपी 24 नेटवर्क न्यूज़— आपकी आवाज़, आपकी खबर, आपका भरोसा..

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

About Us

We are a trusted news portal delivering the latest updates, breaking news, and in-depth stories from around the world. Our goal is to keep you informed, every time.

 

Address : 18/587, behind : Hanuman Mandir, opposite :Lucknow, Uttar Pradesh, India , 226016

Email Us: up24networkk@gmail.com

Contact: +91 95111 50055

Quick Link

Top Categories

UP24Network. All Rights Reserved.