लखनऊ। उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने संगठनात्मक तैयारियां तेज कर दी हैं। इसी बीच केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के 30 अक्टूबर को लखनऊ आने की संभावना है। उनका यह दौरा दो दिवसीय प्रस्तावित प्रदेश कार्यसमिति की बैठक से जुड़ा है। बैठक में आगामी विधानसभा चुनाव की रणनीति, संगठन की मजबूती और जमीनी स्तर पर पार्टी की तैयारियों की समीक्षा होने की संभावना है।
हालांकि, 22 अक्टूबर तक अमित शाह के दौरे और बैठक का आधिकारिक कार्यक्रम जारी होने की पुष्टि नहीं हुई है। पार्टी के एक वरिष्ठ पदाधिकारी के हवाले से प्रकाशित रिपोर्ट के अनुसार, बैठक 30 और 31 अक्टूबर को प्रस्तावित है। इसलिए दौरे से जुड़े कार्यक्रमों को फिलहाल संभावित माना जाना चाहिए।
30 और 31 अक्टूबर को प्रस्तावित है बैठक
भाजपा की उत्तर प्रदेश प्रदेश कार्यसमिति की प्रस्तावित बैठक लखनऊ में आयोजित होनी है। इसमें पार्टी के वरिष्ठ नेताओं, पदाधिकारियों और कार्यसमिति के सदस्यों के शामिल होने की संभावना है। अमित शाह के भी बैठक में पहुंचने और नेताओं को संबोधित करने की चर्चा है।
इस बैठक का प्रमुख उद्देश्य 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले संगठन की तैयारियों की समीक्षा करना बताया जा रहा है। पार्टी बूथ स्तर तक संगठन को मजबूत करने और कार्यकर्ताओं की सक्रियता बढ़ाने पर जोर दे सकती है।
इसके अलावा, पार्टी की राज्य और जिला इकाइयों की कार्यप्रणाली की समीक्षा भी बैठक के एजेंडे में शामिल होने की संभावना है। हालांकि, विस्तृत आधिकारिक एजेंडा अभी सामने नहीं आया है।
मिशन 2027 पर होगा मंथन
उत्तर प्रदेश में अगला विधानसभा चुनाव 2027 में होना है। इसे देखते हुए भाजपा ने संगठनात्मक स्तर पर अपनी गतिविधियां बढ़ाई हैं। प्रस्तावित बैठक को इसी तैयारी का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है।
बैठक में बूथ प्रबंधन, कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारियों और सरकार की योजनाओं को जनता तक पहुंचाने जैसे विषयों पर चर्चा हो सकती है। पार्टी नेताओं से जमीनी स्तर की स्थिति और संगठन की तैयारियों पर फीडबैक भी लिया जा सकता है।
अमित शाह भाजपा के वरिष्ठ रणनीतिकारों में शामिल हैं। ऐसे में उनके संभावित दौरे को चुनावी तैयारियों के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, बैठक में लिए जाने वाले फैसलों या किसी नई रणनीति की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
मुख्यमंत्री योगी और वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी की संभावना
प्रस्तावित बैठक में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और ब्रजेश पाठक के शामिल होने की संभावना है। इसके अलावा भाजपा प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, प्रदेश महामंत्री संगठन धर्मपाल सिंह और अन्य वरिष्ठ पदाधिकारी भी बैठक में मौजूद रह सकते हैं।
पार्टी के सांसदों, विधायकों, मंत्रियों और प्रदेश कार्यसमिति के सदस्यों की भागीदारी भी प्रस्तावित है। हालांकि, अंतिम सूची आधिकारिक कार्यक्रम जारी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
विधायकों के कामकाज की समीक्षा पर भी नजर
अमित शाह के संभावित दौरे के दौरान पार्टी संगठन और मौजूदा विधायकों के कामकाज की समीक्षा किए जाने की भी चर्चा है। ऐसी समीक्षा में क्षेत्रीय स्थिति, संगठन की सक्रियता और चुनावी तैयारियों से संबंधित फीडबैक महत्वपूर्ण हो सकता है।
हालांकि, टिकट वितरण या किसी विधायक को बदलने के संबंध में अभी कोई आधिकारिक निर्णय सामने नहीं आया है। इसलिए संभावित समीक्षा को टिकट बदलने के अंतिम फैसले के रूप में देखना उचित नहीं होगा।
फिलहाल भाजपा की प्रदेश कार्यसमिति की प्रस्तावित बैठक और अमित शाह के संभावित दौरे पर नजरें टिकी हैं। आधिकारिक कार्यक्रम सामने आने के बाद बैठक की रूपरेखा और इसमें शामिल होने वाले नेताओं की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।