करणी सेना के विरोध और धमकियों के बीच नगीना सांसद और आजाद समाज पार्टी के अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद ने रविवार को बाराबंकी के बडेल मैदान में एक विशाल जनसभा को संबोधित किया। डॉ. भीमराव अंबेडकर और कांशीराम के मिशन को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से आयोजित इस रैली में हजारों की भीड़ जुटी। सभा के दौरान उन्होंने विरोधियों पर तीखा हमला बोला और अपनी पार्टी की राजनीतिक रणनीति पर भी बात की।
मंच की ओर बढ़ा संदिग्ध, सुरक्षा कर्मियों ने पकड़ा
रैली के दौरान उस समय अफरा-तफरी का माहौल बन गया जब एक संदिग्ध व्यक्ति सुरक्षा घेरा तोड़कर मंच की ओर बढ़ने लगा। तलाशी के दौरान उसकी कमर में पिस्टल मिली। मौके पर मौजूद सुरक्षाकर्मियों और कार्यकर्ताओं ने उसे तुरंत पकड़ लिया।संदिग्ध ने खुद को पुलिस लाइन में तैनात सिपाही बताया, लेकिन वह कोई पहचान पत्र नहीं दिखा सका। इसके बाद उसे कार्यक्रम स्थल से बाहर कर दिया गया और मामले की जांच शुरू कर दी गई।
Karni Sena विवाद पर दिया तीखा बयान
रैली के दौरान Karni Sena Controversy को लेकर चंद्रशेखर आजाद ने मंच से कड़ी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि धमकियों से डरने वाले नहीं हैं और उनके कार्यकर्ता संघर्ष करने वाले लोग हैं। उन्होंने यह भी कहा कि वे संविधान में विश्वास रखते हैं और किसी से डरते नहीं हैं।
2027 विधानसभा चुनाव को लेकर किया दावा
सभा के दौरान चंद्रशेखर आजाद ने 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को लेकर भी बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी आगामी चुनाव में मजबूती से मैदान में उतरेगी और सत्ता परिवर्तन के लिए संघर्ष करेगी।
उन्होंने बाराबंकी की सदर सीट से अपनी दावेदारी भी जताई और कहा कि जिस तरह नगीना में इतिहास बना, उसी तरह अब पूरे उत्तर प्रदेश में बदलाव की शुरुआत होगी।
विपक्षी दलों पर साधा निशाना
रैली में उन्होंने भाजपा और समाजवादी पार्टी दोनों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि महापुरुष किसी एक पार्टी के नहीं होते और राजनीतिक दलों को केवल चुनाव के समय उनकी याद आती है।
उन्होंने यह भी कहा कि उनकी पार्टी सामाजिक भाईचारे और संविधान के मूल्यों के आधार पर राजनीति कर रही है और आने वाले समय में उत्तर प्रदेश की राजनीति में बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा।








