आगरा। उत्तर प्रदेश के आगरा में विधान परिषद के शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र की मतगणना के दौरान मंगलवार देर रात जमकर हंगामा हुआ। समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी डॉ. आकाश अग्रवाल ने भाजपा समर्थकों पर मारपीट करने और उनका कुर्ता फाड़ने का आरोप लगाया। वहीं, भाजपा प्रत्याशी हरिकिशोर तिवारी ने भी सपा समर्थकों पर अभद्रता और मारपीट के आरोप लगाए। घटना के बाद मतगणना स्थल पर तनाव बढ़ गया और भाजपा प्रत्याशी अपने समर्थकों के साथ धरने पर बैठ गए।
यह घटनाक्रम फिरोजाबाद रोड स्थित नवीन गल्ला मंडी के मतगणना केंद्र पर सामने आया। यहां आगरा खंड शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की मतगणना चल रही थी। शिक्षक सीट पर डॉ. आकाश अग्रवाल बढ़त बनाए हुए थे। इसी दौरान मतगणना की प्रक्रिया, पुनर्गणना की मांग और कथित अनियमितताओं को लेकर विवाद बढ़ने की बात सामने आई।
देर रात दोनों पक्षों के बीच हुई झड़प
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, मंगलवार रात करीब एक बजे मतगणना केंद्र पर दोनों पक्षों के समर्थक आमने-सामने आ गए। सपा प्रत्याशी डॉ. आकाश अग्रवाल ने आरोप लगाया कि भाजपा प्रत्याशी की ओर से पुनर्गणना के लिए आवेदन दिए जाने को लेकर विवाद हुआ। इसके बाद उनके साथ धक्का-मुक्की और मारपीट की गई, जिससे उनका कुर्ता फट गया।
आकाश अग्रवाल ने यह भी आरोप लगाया कि मतगणना में उनकी बढ़त के बावजूद परिणाम घोषित करने में देरी की जा रही थी। उनके समर्थकों ने निष्पक्ष मतगणना और परिणाम घोषित करने की मांग उठाई। हालांकि, मतगणना में गड़बड़ी और जानबूझकर देरी किए जाने के आरोपों को स्वतंत्र रूप से प्रमाणित करने वाली जानकारी सामने नहीं आई है।
भाजपा प्रत्याशी ने भी लगाए आरोप
दूसरी ओर, भाजपा के शिक्षक प्रत्याशी हरिकिशोर तिवारी ने सपा समर्थकों पर अभद्रता और मारपीट करने का आरोप लगाया। वह अपने समर्थकों के साथ मतगणना स्थल पर धरने पर बैठ गए। भाजपा पक्ष की ओर से आरोप लगाया गया कि उनके समर्थकों के साथ गलत व्यवहार हुआ और पुलिस ने उचित कार्रवाई नहीं की।
इस तरह घटना के बाद दोनों राजनीतिक पक्षों ने एक-दूसरे पर आरोप लगाए। फिलहाल, उपलब्ध जानकारी से यह तय नहीं होता कि झड़प की शुरुआत किस पक्ष ने की थी। मामले में दोनों पक्षों के आरोपों की निष्पक्ष जांच के बाद ही वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंचे
मतगणना केंद्र पर तनाव बढ़ने की सूचना मिलने के बाद पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। पुलिस कमिश्नर दीपक कुमार समेत अधिकारियों ने दोनों पक्षों से बातचीत की और स्थिति सामान्य करने का प्रयास किया। रिपोर्टों में दो लोगों को हिरासत में लिए जाने की जानकारी भी सामने आई है, हालांकि उनके खिलाफ आगे की कार्रवाई का विस्तृत आधिकारिक ब्योरा उपलब्ध नहीं है।
हंगामे के कारण मतगणना की प्रक्रिया प्रभावित होने की खबरें भी सामने आईं। हालांकि, गणना रोकने या जारी रहने को लेकर अलग-अलग दावे किए गए। ऐसे में मतगणना की स्थिति और प्रशासन की कार्रवाई के संबंध में आधिकारिक पुष्टि महत्वपूर्ण है।
शिक्षक सीट पर आकाश अग्रवाल बनाए हुए थे बढ़त
मतगणना के दौरान उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में सपा प्रत्याशी डॉ. आकाश अग्रवाल भाजपा प्रत्याशी हरिकिशोर तिवारी से आगे चल रहे थे। बुधवार तड़के तक प्रकाशित एक अपडेट में आकाश अग्रवाल को 13,087 मत और हरिकिशोर तिवारी को 9,389 मत मिलने की जानकारी दी गई। इस समय दूसरी वरीयता के मतों की गणना शुरू होने की बात भी सामने आई थी।
यह आंकड़ा मतगणना के उस चरण का है, इसे अंतिम चुनाव परिणाम नहीं माना जाना चाहिए। विधान परिषद के शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में वरीयता आधारित मतगणना की प्रक्रिया के कारण अंतिम परिणाम घोषित होने में समय लग सकता है।
निष्पक्ष मतगणना और जांच पर टिकी नजरें
आगरा में मतगणना के दौरान हुई झड़प ने चुनावी प्रक्रिया के माहौल को तनावपूर्ण बना दिया। एक ओर सपा प्रत्याशी ने मारपीट और मतगणना में अनियमितताओं के आरोप लगाए, वहीं भाजपा प्रत्याशी ने अपने समर्थकों के साथ दुर्व्यवहार किए जाने की बात कही।
अब मामले में पुलिस की जांच, दोनों पक्षों की शिकायतों और निर्वाचन अधिकारियों की कार्रवाई पर नजर रहेगी। किसी भी पक्ष के आरोप को जांच के बिना प्रमाणित तथ्य नहीं माना जा सकता। मतगणना की पारदर्शिता और विवाद की निष्पक्ष जांच ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति स्पष्ट कर सकेगी।