Lucknow: सरोजनी नगर तहसील में अधिवक्ताओं का धरना, समाधान दिवस में मचा हड़कंप
लखनऊ के सरोजनी नगर तहसील में शनिवार को आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस उस समय बाधित हो गया, जब सरोजनी नगर तहसील बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों और अधिवक्ताओं ने अधिकारियों के सामने धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया।अचानक हुए इस प्रदर्शन से तहसील सभागार में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
जमीन पर बैठकर नारेबाजी, अधिकारियों के सामने जताया विरोध
बार एसोसिएशन के अध्यक्ष कमलेश प्रताप सिंह के नेतृत्व में बड़ी संख्या में अधिवक्ता तहसील सभागार पहुंचे और जमीन पर बैठकर नारेबाजी करने लगे। यह प्रदर्शन उस समय हुआ, जिलाधिकारी और एसडीएम फरियादियों की समस्याएं सुन रहे थे।
मुख्य मांग: SDM न्यायिक की प्रभावी तैनाती
अधिवक्ताओं की प्रमुख मांग थी कि तहसील में SDM न्यायिक की प्रभावी तैनाती कर न्यायालय की कार्यवाही तत्काल शुरू की जाए। उनका कहना था कि न्यायालय का नियमित संचालन न होने के कारण फरियादियों को न्याय के लिए भटकना पड़ रहा है और कई मामले लंबे समय से लंबित हैं।
अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि तहसील में तैनात एसडीएम अधिकतर समय VIP ड्यूटी में व्यस्त रहते हैं, जिससे न्यायिक कार्य गंभीर रूप से प्रभावित हो रहा है।
तैनाती हुई, लेकिन कोर्ट शुरू नहीं
बार एसोसिएशन ने बताया कि SDM न्यायिक की तैनाती को लेकर कई बार जिलाधिकारी और अन्य उच्च अधिकारियों से मांग की जा चुकी है। हालांकि तैनाती कर दी गई, लेकिन आज तक न्यायालय की प्रक्रिया शुरू नहीं हो सकी, जिससे वादकारियों और अधिवक्ताओं दोनों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
नाले के निर्माण को लेकर भी जताई नाराजगी
धरने के दौरान अधिवक्ताओं ने तहसील के बाहर सड़क किनारे बन रहे नाले के निर्माण पर भी आपत्ति जताई।उनका कहना था कि नाला करीब 200 मीटर लंबा होना चाहिए, जबकि फिलहाल सिर्फ दोनों गेटों के बीच लगभग 80 मीटर का निर्माण किया जा रहा है।इससे बरसात के मौसम में जलभराव की गंभीर समस्या पैदा हो सकती है।
आश्वासन के बाद समाप्त हुआ धरना
काफी देर तक चले धरना-प्रदर्शन के बाद CDO और ADM ने फरियादियों की सुनवाई रोककर अधिवक्ताओं से बातचीत की।अधिकारियों ने संपूर्ण समाधान दिवस समाप्त होने के बाद अलग से बैठक कर सभी मुद्दों पर समाधान निकालने का आश्वासन दिया, जिसके बाद अधिवक्ताओं ने अपना धरना समाप्त कर दिया।








