छत्तीसगढ़ बॉर्डर से बड़ी खबर सामने आई है। सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच दो अलग-अलग स्थानों पर मुठभेड़ चल रही है। पहली मुठभेड़ छत्तीसगढ़–आंध्र प्रदेश बॉर्डर पर हुई, जहां टॉप नक्सली हिड़मा और उसकी पत्नी राजे उर्फ रजक्का के मारे जाने की खबर है। हिड़मा को कई बड़े हमलों, जिनमें 76 CRPF जवानों की शहादत वाला हमला और झीरम घाटी अटैक शामिल है, का मास्टरमाइंड माना जाता है।
सुकमा में दूसरी मुठभेड़—6 नक्सली ढेर
दूसरी बड़ी मुठभेड़ सुकमा जिले के एर्राबोर थाना क्षेत्र में चल रही है।
यह मुठभेड़ 18 नवंबर की सुबह शुरू हुई
अब तक 6 नक्सली मारे जा चुके हैं
सुरक्षा बल मौके पर मौजूद हैं और सर्च ऑपरेशन जारी है
सूत्रों के अनुसार, पुलिस को देर रात सूचना मिली थी कि एर्राबोर के जंगलों में बड़ी संख्या में नक्सली सक्रिय हैं। DRG की टीम तुरंत सर्च ऑपरेशन के लिए निकली। सुबह जवानों के पहुंचते ही नक्सलियों ने फायरिंग शुरू कर दी, जिसके बाद बलों ने भी जवाबी कार्रवाई की।
16 नवंबर: भेज्जी–चिंतागुफा क्षेत्र में 3 नक्सली मारे गए
इससे दो दिन पहले 16 नवंबर को भेज्जी–चिंतागुफा बॉर्डर के जंगलों में नक्सलियों की मौजूदगी की पुख्ता सूचना मिली थी।
DRG की टीम ने सर्च ऑपरेशन शुरू किया
तुमालपाड़ के जंगल में दोनों ओर से भारी फायरिंग हुई
इस मुठभेड़ में 3 नक्सली मारे गए
इनके शव और हथियार बरामद किए गए
11 नवंबर: बीजापुर में 6 नक्सलियों का एनकाउंटर
11 नवंबर को बीजापुर के नेशनल पार्क एरिया में भी मुठभेड़ हुई थी।
3 महिला समेत 6 नक्सली ढेर हुए
इनमें मद्देड़ एरिया कमेटी का इंचार्ज बुच्चन्ना भी शामिल था
एक अन्य टॉप नक्सली पापाराव की पत्नी उर्मिला मुठभेड़ में मारी गई
पापाराव इस बार भी भागने में सफल रहा
इन नक्सलियों पर कुल 27 लाख रुपए का इनाम घोषित था। DRG ने शवों और बरामद हथियारों को जिला मुख्यालय लाया।
सर्च ऑपरेशन जारी—नक्सलियों को भारी नुकसान की संभावना
सुरक्षा बलों का कहना है कि सर्च ऑपरेशन पूरा होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि नक्सलियों को कुल कितना नुकसान हुआ है। छत्तीसगढ़ के जंगलों में पिछले कुछ दिनों से लगातार अभियान चल रहा है और सुरक्षा बलों ने कई अहम सफलताएँ हासिल की हैं।








