लखनऊ: राजधानी में बढ़ते LPG संकट के चलते प्रशासन ने गैस सप्लाई व्यवस्था को नियंत्रित करने के लिए कड़े निर्देश जारी किए हैं। अपर जिलाधिकारी (नागरिक आपूर्ति) ने IOC, BPCL और HPCL को स्पष्ट आदेश दिए हैं कि SGPGI, KGMU जैसे प्रमुख चिकित्सा संस्थानों और सभी शैक्षणिक संस्थानों को 100% निर्बाध गैस आपूर्ति सुनिश्चित की जाए, ताकि जरूरी सेवाएं प्रभावित न हों। वहीं, सीमित उपलब्धता को देखते हुए होटल, मॉल और रेस्टोरेंट जैसे कमर्शियल प्रतिष्ठानों के लिए गैस सप्लाई को अधिकतम 20% तक सीमित कर दिया गया है। यह फैसला आपातकालीन जरूरतों को प्राथमिकता देने के उद्देश्य से लिया गया है।
पिछले कुछ दिनों में गैस सप्लाई में 20 से 25 फीसदी तक की कमी दर्ज की गई है, जिससे स्थिति और गंभीर हो गई है। लखनऊ में करीब 105 गैस एजेंसियां हैं और रोजाना लगभग 25 हजार सिलेंडरों की खपत होती है, लेकिन मौजूदा हालात में मांग और आपूर्ति के बीच बड़ा अंतर देखने को मिल रहा है। तेल कंपनियों के मैनेजर जितेंद्र ओझा के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय हालात, खासकर युद्ध के कारण सप्लाई चेन प्रभावित हुई है, जिससे सिलेंडरों की डिलीवरी समय पर नहीं हो पा रही है। ऐसे में प्रशासन लगातार निगरानी बनाए हुए है और संकेत दिए हैं कि स्थिति नहीं सुधरने पर आगे और सख्त कदम उठाए जा सकते हैं।





