ED Raid Lucknow: 1000 करोड़ के कोडीनयुक्त कफ सिरप रैकेट पर दूसरे दिन भी छापेमारी, बड़े नेटवर्क के सुराग मिले
Lucknow News: कोडीनयुक्त कफ सिरप तस्करी के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय की कार्रवाई दूसरे दिन भी जारी है। ED Raid Lucknow के तहत यूपी, झारखंड और गुजरात में कुल 25 ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। जांच में सामने आया है कि यह नशीले कफ सिरप का रैकेट 1,000 करोड़ रुपये से अधिक का है।
ईडी की यह कार्रवाई 67 आरोपियों के खिलाफ दर्ज ECIR के नौ दिन बाद शुरू की गई थी, जो शुक्रवार सुबह शुरू होकर शनिवार तक जारी रही। तलाशी के दौरान एजेंसी को कई महत्वपूर्ण वित्तीय और डिजिटल सबूत मिले हैं, जिससे इस रैकेट के बड़े स्तर के नेटवर्क का खुलासा हो रहा है।
फर्जी कंपनियों और इंटर-स्टेट सप्लाई चेन का खुलासा
ED को तलाशी में पेमेंट एंट्री, फर्जी बिलिंग, इंटर-स्टेट ट्रांसपोर्ट परमिट, एक्सेल शीट्स और संदिग्ध बैंक ट्रांजैक्शन से जुड़े दस्तावेज मिले हैं। जांच से साफ हो रहा है कि कफ सिरप की तस्करी केवल मेडिकल डायवर्जन तक सीमित नहीं थी, बल्कि फर्जी फार्मा कंपनियों के जरिए कई राज्यों में अवैध सप्लाई की जा रही थी।
यूपी, झारखंड और गुजरात तक फैला नेटवर्क
ED सूत्रों के अनुसार, इस नेटवर्क की जड़ें यूपी और झारखंड के साथ-साथ गुजरात के औद्योगिक इलाकों तक फैली हैं। अहमदाबाद और सूरत से मिले दस्तावेज बताते हैं कि कफ सिरप को फर्जी “फार्मा सप्लाई” के नाम पर बाहर भेजा जा रहा था। कई कंपनियां सिर्फ कागजों पर बनाई गई थीं, जिनके जरिए ई-वे बिल और बैंक ट्रांजैक्शन किए जाते थे।
वाराणसी और लखनऊ में प्रमुख ठिकानों पर छापे
वाराणसी में कफ सिरप तस्करी के सरगना और उसके करीबियों के ठिकानों पर भी ED की टीम तलाशी ले रही है। वहीं लखनऊ में एक बर्खास्त STF सिपाही से जुड़ी कोठी पर ED ने डेरा डाल रखा है। अर्धसैनिक बलों की तैनाती के साथ इलाके को पूरी तरह सील कर दिया गया है।
हवाला और मनी लॉन्ड्रिंग का शक
जांच में सामने आया है कि रैकेट हवाला नेटवर्क और फर्जी बिलिंग के जरिए अवैध कमाई को वैध दिखाता था। ED अब सभी संदिग्ध कंपनियों के बैंक खातों की फॉरेंसिक ऑडिट करा रही है और कफ सिरप की कमाई से खरीदी गई संपत्तियों की पहचान की जा रही है।








