• Home  
  • Korean Mobile Game Horror: गाजियाबाद की डरावनी सच्चाई
- उत्तरप्रदेश

Korean Mobile Game Horror: गाजियाबाद की डरावनी सच्चाई

उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद से सामने आई यह घटना पूरे देश को झकझोर देने वाली है। एक हाईराइज सोसायटी में तीन नाबालिग बहनों की सामूहिक आत्महत्या ने न सिर्फ परिवार को तोड़ दिया, बल्कि मोबाइल एडिक्शन, ऑनलाइन गेमिंग और डिजिटल इन्फ्लुएंस के खतरनाक असर पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।  रात 2 बजे की […]

Korean Mobile Game Horror: गाजियाबाद की डरावनी सच्चाई

उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद से सामने आई यह घटना पूरे देश को झकझोर देने वाली है। एक हाईराइज सोसायटी में तीन नाबालिग बहनों की सामूहिक आत्महत्या ने न सिर्फ परिवार को तोड़ दिया, बल्कि मोबाइल एडिक्शन, ऑनलाइन गेमिंग और डिजिटल इन्फ्लुएंस के खतरनाक असर पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

 रात 2 बजे की खौफनाक घटना

घटना वाली रात करीब 2 बजे, जब सोसायटी में सन्नाटा पसरा हुआ था और ज्यादातर फ्लैट्स की लाइटें बंद थीं, तभी एक फ्लैट में हलचल दिखी। कुछ ही पलों में 15, 14 और 12 साल की तीन बहनें बालकनी से कूद गईं। जब तक लोग कुछ समझ पाते, तब तक बहुत देर हो चुकी थी। सूचना मिलते ही पुलिस और एंबुलेंस मौके पर पहुंचीं, लेकिन तीनों को मृत घोषित कर दिया गया।

 18 पन्नों की डायरी ने बढ़ाई सनसनी

मौके से पुलिस को 18 पन्नों की एक डायरी मिली है, जिसने पूरे मामले को और रहस्यमय बना दिया है। डायरी के पहले पन्ने पर लिखा है—“True Life Story… Read Now” और आखिरी पंक्ति में—“I am really sorry… Sorry Papa”

डायरी में बार-बार एक शब्द उभरकर सामने आता है— “Korean”। लिखा है—
“लो छुड़वाओगे हमसे कोरियन… कोरियन हमारी जान थी”इन पंक्तियों ने जांच एजेंसियों को यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि यह भावनात्मक लगाव, डिजिटल फैंटेसी, या किसी ऑनलाइन गेम/कम्युनिटी का मानसिक प्रभाव था।

 मोबाइल छिनने के बाद बदला व्यवहार?

परिवार और पुलिस की शुरुआती जांच में सामने आया है कि तीनों बहनें पिछले 2–3 साल से स्कूल नहीं जा रही थीं। कोरोना काल के बाद उनकी पढ़ाई छूट गई थी। वे ज्यादातर समय घर पर रहती थीं और मोबाइल पर कोरियन ड्रामा, म्यूजिक, ओटीटी कंटेंट और ऑनलाइन गेम्स में डूबी रहती थीं।

पिता के अनुसार, बच्चियों में मोबाइल की लत लग चुकी थी। हाल ही में परिवार ने मोबाइल इस्तेमाल सीमित करने की कोशिश की थी। पुलिस इस एंगल की भी जांच कर रही है कि मोबाइल छीने जाने के बाद भावनात्मक आवेश में यह कदम उठाया गया या नहीं।

क्या था टास्क-बेस्ड ऑनलाइन गेम का असर?

मामले में टास्क-बेस्ड ऑनलाइन गेम का एंगल भी सामने आया है। पिता का दावा है कि फॉरेंसिक जांच में किसी गेम टास्क की बात सामने आई है। बताया जा रहा है कि तीनों बहनें एक ही मोबाइल पर गेम खेलती थीं, जिनमें से एक बहन लीडर की भूमिका में थी। वे हर काम साथ करती थीं—खाना, बैठना, यहां तक कि बाथरूम जाना भी।

फिलहाल पुलिस ने मोबाइल फोन जब्त कर लिया है और उसकी डिजिटल फॉरेंसिक जांच की जा रही है। कॉल लॉग, चैट, ऐप हिस्ट्री और ब्राउजिंग डेटा खंगाला जा रहा है।

 पारिवारिक और आर्थिक पहलू भी जांच में

यह परिवार पिछले तीन महीने से सोसायटी में किराए पर रह रहा था। पिता शेयर मार्केट ट्रेडिंग से जुड़े हैं और कोरोना के बाद आर्थिक स्थिति कमजोर हुई थी। पारिवारिक संरचना, घरेलू माहौल और बच्चों की मानसिक स्थिति—तीनों पहलुओं की गहन जांच की जा रही है।

अन्य खबर पढ़े।

Leave a comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

About Us

We are a trusted news portal delivering the latest updates, breaking news, and in-depth stories from around the world. Our goal is to keep you informed, every time.

 

Address : 18/587, behind : Hanuman Mandir, opposite :Lucknow, Uttar Pradesh, India , 226016

Email Us: up24networkk@gmail.com

Contact: +91 95111 50055

Quick Link

Top Categories

Pushpa Technosoft  @2024. All Rights Reserved.